दवाई के नियम

उपचार के नियम

उपचार के लक्ष्य और उद्देश्य

  • रोगी को संक्रमण मुक्त करना, संचार की कड़ी को तोड़ना और संक्रमण के असर को कम करना।
  • मृत्यु के जोखिम को कम करते हुए ये सुनिश्चित करना कि रोग दोबारा न हो
  • दवा प्रतिरोध से बचाव या कम करना

डायरेक्टली ऑब्जर्वड ट्रीटमेंट (DOT)

राष्ट्रीय टीबी उन्मूलन कार्यक्रम में DOT  के तहत उपचार की परिकल्पना है। DOT  में टीबी के उपचार में यथासम्भव सर्वश्रेष्ठ परिणाम की व्यवस्था है। यहां उपचार सहयोगी रोगी की मदद करता है ताकि उपचार का अनुपालन हो सके। DOT  सुनिश्चित करता है कि रोगी को सही दवा सही खुराक में सही समय पर और सही अवधि तक मिलती रहे।

ड्रग ससेप्टिबल टीबी (DSTB) के उपचार के नियम

हर टीबी रोगियों का उपचार भारत में तय दिशानिर्देश के तहत होना चाहिए चाहे उपचार सरकारी क्लिनिक में हो या प्राइवेट में। डीएसटीबी का उपचार दो चरणों में होता है – गहन उपचार और उपचार विस्तार।

गहन उपचार (आईपी) – ये आठ सप्ताह चलता है जिसमें आइसोनियाजिड (एच), रिफाम्पिसिन (आर), पाइराजिनामाइड (जेड) और इथमब्यूटल (इ) के 56 डोज डायरेक्ट देखरेख में दिए जाते हैं।

 

उपचार विस्तार (सीपी) इसमें आइसोनियाजिड, रिफाम्पिसिन और इथमब्यूटल के 112 डोज 16 सप्ताह तक हर दिन दिए जाते हैं । टीबी के कुछ मामलों में जैसे सीएनएस टीबी, स्केलेटन टीबी, फैला हुआ टीबी आदि  में उपचार 12 से 24 सप्ताह तक बढ़ाया जा सकता है।  मरीज की स्थिति को देख कर डॉक्टर इसका फैसला करता है।

डीआरटीबी (ड्रग रेसिस्टेंट टीबी) के उपचार नियम

चूंकि सामान्य उपचार का असर डीआरटीबी (ड्रग रेसिस्टेंट टीबी) पर कुछ खास नहीं होता इसलिए डॉक्टर मरीज की स्थिति के अनुसार कई दवाईयां देते हैं । राष्ट्रीय टीबी उन्मूलन कार्यक्रम के अनुसार इस  टीबी के  उपचार के नियम इस प्रकार होते हैं –

  1. सभी एक या बहु डीआरटीबी मौखिक डोज नियम – ये 6 महीने का कोर्स है जिसमें गहन या उपचार विस्तार नहीं होता ।
  2. संक्षिप्त मल्टि-ड्रग प्रतिरोधक टीबी उपचार नियम – इसमें 9 से 11 महीनों का उपचार होता है जिनके 4 से 6 महीने इंजेक्शन के साथ गहन उपचार वाले और 5 महीने उपचार विस्तार के होते हैं ।
  3. लम्बी अवधि मल्टि-ड्रग प्रतिरोधक टीबी उपचार नियम All oral longer Multi-Drug Resistant TB regimen: ये 18से 20 महीने का उपचार है जिसमें अलग गहन या उपचार विस्तार नहीं होता।

ड्रग प्रतिरोधक टीबी  के लिए 25 से ज्यादा दवा उपलब्ध हैं। दवाओं की जरुरत और डोज निर्धारित नियमों के अनुसार डॉक्टरों की कमेटी मरीजों की स्थिति को देख कर करती है।

लम्बी अवधि फॉलो अप

उपचार खत्म होने के बाद सभी टीबी मरीजों के 6, 12, 18 और 24 महीने तक क्लिनिकल फॉलो अप की जरूरत होती है । किसी तरह के लक्षण की मौजूदगी पर (जैसे खांसी) स्पुटम माइक्रोस्कोपी और बायलोजिकल स्पेसिमेन कल्चर  की जांच करानी चाहिए। ये टीबी की पुनरावृति को पकड़ने में मदद करती है।

नवीनतम अपडेट

तपेदिक के खिलाफ लड़ाई को मजबूत करना: गैर सरकारी संगठनों और सामाजिक सेवा संगठनों की महत्वपूर्ण भूमिका

तपेदिक (टीबी) एक गंभीर वैश्विक स्वास्थ्य चुनौती बनी हुई है, जो हर साल लाखों लोगों को प्रभावित करती है। इस लड़ाई के बीच, टीबी की

Read More »

वर्जनाओं को ख़त्म करना: टीबी के बारे में सच्चाई का खुलासा करना

तपेदिक बहुत लंबे समय से कलंक से त्रस्त है। अत्यधिक संक्रामक बीमारी माने जाने वाले तपेदिक को दुर्भाग्य से आम जनता द्वारा ‘गंदी बीमारी’ करार

Read More »

निम्न-संसाधन पृष्ठभूमि में टीबी का निदान कैसे करें: अभिनव और किफायती समाधान

ट्युबरकुलोसिस (टीबी) एक वैश्विक स्वास्थ्य चुनौती है जो लाखों लोगों को प्रभावित करती है। यह माइकोबैक्टीरियम ट्यूबरकुलोसिस बैक्टीरिया के कारण होता है, जो मुख्य रूप

Read More »

दवा-प्रतिरोधीटीबीकोकैसेहरायाजाए: उपचारमेंनवीनतमप्रगति

क्षय रोग (टीबी) एक संक्रामक रोग है जो माइकोबैक्टीरियम ट्यूबरकुलोसिस बैक्टीरिया के कारण होता है। यह मुख्य रूप से फेफड़ों को प्रभावित करता है, लेकिन

Read More »

शहरीकरणऔरवायुकीगुणवत्ताटीबीकेप्रकोपकोकैसेप्रभावितकरतेहैं

क्षय रोग (टीबी) एक संक्रामक रोग है जो माइकोबैक्टीरियम ट्यूबरकुलोसिस बैक्टीरिया के कारण होता है। यह मुख्य रूप से फेफड़ों को प्रभावित करता है, लेकिन

Read More »

कोविड-19 की छाया के मध्य टीबी उन्मूलन को पुनर्जीवित करना: एक नया दृष्टिकोण

नोवेल कोरोना वायरस सार्स-कोवी-2 से उत्पन्न हुई कोविड-19 महामारी एक अद्वितीय वैश्विक संकट के रूप में उभरी, जिसने विश्व स्तर पर स्वास्थ्य देखभाल प्रणालियों/व्यवस्थाओं का परीक्षण

Read More »

डीएसटीबी

डीआरटीबी

नवीनतम खोज

फेफड़े की टीबी

एक्सट्रा पल्मोनरी टीबी

Scroll to Top